किसी ने सोचा नहीं था, कि नेपाल में ऐसी तबाही आएगी, कि लोगों के शव नदियों में बह कर दूसरे शहर या देशों में जाकर मिलेंगे। ऐसा ही कुछ देखने को मिला गोरखपुर में, जहां नारायणी नदी से बहकर 9 शव कुशीनगर में मिले। एक हफ़्ते पहले नेपाल में सुबह-सुबह जब लोग ब्रेकफ़ास्ट कर ऑफ़िस जाने की तैयारी में थे, तभी पानी की तेज़ रफ़्तार सबकुछ तबाह कर ले गई।
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9 शव पहुंचे AIIMS गोरखपुर
नेपाल में आई त्रासदी का असर अब पूर्वांचल तक दिखाई देने लगा है। नारायणी नदी के तेज़ बहाव में बहकर क़रीब 9 अज्ञात शव कुशीनगर में मिले, जिन्हें गोरखपुर के एम्स लाया गया। एम्स प्रशाेसन ने सभी शवों को डीप फ्रीजर और कोल्ड चैंबर में सुरक्षित रखा है। शवों के साथ मिले कपड़े और दूसरे सामान को भी संभालकर रखा गया है, ताकि शवों की पहचान करने में मदद मिल सके।
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शव की पहचान नहीं हो पाई है
AIIMS गोरखपुर की कार्यकारी निदेशक डॉ. विभा दत्ता के अनुसार, 29 अगस्त से अब तक क़रीब 9 शव एम्स पहुंचे चुके हैं, लेकिन अभी तक किसी भी शव की पहचान नहीं हो पाई है। AIIMS शवों की तस्वीरें लेने के साथ-साथ उनके कपड़ों और पहचान से जुड़ी अन्य जानकारियां दर्ज की जा रही हैं। एम्स की मॉर्चरी में क़रीब 24 कोल्ड चैंबर उपलब्ध हैं, जिनमें फिलहाल इन शवों को सुरक्षित रखा गया है।
दो शवों का किया जाएगा पोस्टमार्टम
CMO कुशीनगर के निर्देश और पुलिस की मौजूदगी में अब दो शवों का पोस्टमार्टम किया जाएगा। इसके बाद शासन और प्रशासन के निर्देश के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। तब तक, सुरक्षित रखे गए ये अज्ञात शव उन परिवारों के लिए उम्मीद की एक कड़ी बने हुए हैं, जो नेपाल की त्रासदी के बाद अपने लापता परिजनों की तलाश में हैं।






