- ट्रस्ट ने कहा दान की गई सभी चीज़े सुरक्षित
- 22 जुलाई को होगी दोबरा बैठक
चोरी के बाद सुर्खियों में आए चंपत राय
अयोध्या के राम मंदिर में हुई चढ़ावा चोरी इस समय देश का सबसे बड़ा मुद्दा बना हुआ है। आस्था और विश्वास की चोरी में आज देश जानना चाहता है, कि ये आख़िर हुआ कैसे? ख़ैर SIT की जांच में चढ़ावा चोरी मामले में अब तक 8 आरोपी अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पांडे, रमाशंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव और श्रीराम शंकर यादव उर्फ टिन्नू गिरफ़्तार कर लिए गए है। इस दौरान श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय भी इस चोरी से सुर्खियों में बने हुए हैं और चोरी के आरोप के बाद चंपत राय ने इस्तीफ़ा सौंप दिया था। चंपत राय के साथ ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने भी त्यागपत्र दे दिया था।
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चंपत राय की छुट्टी, कृष्ण मोहन को कमान
चढ़ावा चोरी के गंभीर मामले के बाद पहली बार श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बैठक हुई, जिसमें ट्रस्ट ने कई अहम फ़ैसले लिए। इस बैठक का नेतृत्व कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि जी महाराज ने किया। इस बैठक में ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा का इस्तीफ़ा स्वीकार की लिया गया है। बैठक में कृष्ण मोहन को अंतरिम महासचिव बनाने पर फ़ैसला लिया गया। यह वही है, जिन्होंने चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद मामला पूरे देश के सामने आया था।
ट्रस्ट ने कहा, जांच में करेंगे SIT का पूरा सहयोग
बैठक के दौरान श्रीराम मंदिर में हुई गड़बड़ी के बारे में भी चर्चा हुई, जिसमें जांच कर रही SIT टीम का इस चोरी मामले में पूरा समर्थन देने का आश्वासन दिया है और कहा, कि दोषी बख़्शे नहीं जाएंगे। बैठक में अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास जी महाराज, शंकराचार्य जी महाराज, युग पुरुष परमानंद जी महाराज, पेजावर के विश्व प्रसन्न तीर्थ जी महाराज, नए ट्रस्टी कृष्ण मोहन जी और अयोध्या के ज़िला कलेक्टर शशांक त्रिपाठी जी मौजूद थे। अगली बैठक 22 जुलाई को होगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्वामी गोविंद देव गिरि जी ने क्या कहा?
बैठक के बाद हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि जी ने बताया, कि दान में मिली सभी वस्तुएं सुरक्षित हैं और उनका पूरा लेखा-जोखा हमारे रजिस्टर में मौजूद है। उन्होंने कहा, इस रजिस्टर में क़रीब 2,800 चीजों की सूची है और ये सभी सुरक्षित है और जो भी इच्छुक लोग हैं, वो ट्रस्ट से इनकी पूरी जानकारी ले सकते हैं। गोविंद देव गिरि ने कहा, कि इसमें कोई शक नहीं, कि चढ़ावा चोरी के पीछे एक बहुत बड़ी साजिश है, जिसका पर्दाफ़ाश होना ज़रूरी है। ट्रस्ट ने दान में मिले आभूषण और अन्य क़ीमती वस्तुओं को भी मीडिया के सामने पेश किया।
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आरोपियों के घर पहुंच रही है पुलिस
इसके अलावा जांच एजेंसी मामले की छानबीन में लगी हुई है और आठों आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है। SIT इनके घरों तक भी पहुंच गई है, जहां उनके परिजनों से पूछताछ की जा रही है और घर की तलाशी व दस्तावेज भी खंगाले जा रहे हैं। हाल ही में पुलिस आरोपी अविनाश शुक्ला के गांव प्रतापगढ़ गई थी। साथ ही आरोपी लवकुश मिश्रा की अवैध ज़मीन व उस पर बनाए जा रहे निर्माणाधीन घर पर अयोध्या विकास प्राधिकरण नोटिस भेज चुका है। माना जा रहा है, कि चोरी के रुपयों को से ज़मीन ख़रीदी गई है। इसके अलावा शंकर यादव उर्फ टिन्नू भी शक के घेरे में है।





