- सुप्रीम कोर्ट ने I-PAC मामले में हस्तक्षेप को बताया गंभीर मुद्दा ।
- ममता बनर्जी रवैये को बताया लोकतंत्र पर ख़तरा
ED की याचिका पर उठाए सवाल
सुप्रीम कोर्ट पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के रवैये को लेकर काफ़ी नाराज़ है। दरअसल इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (I-PAC) रेड के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मामले में दखल देने की कोशिश की, जिससे सुप्रीम कोर्ट कड़ी नाराजगी जताई है। बता दें, कि ममता सरकार ने ED की याचिका पर सवाल उठाए थे, जिसके बाद सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ममता सरकार को फ़टकार लगाई है।
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क्या कहा सुप्रीम कोर्ट ने?
अदालत ने स्पष्ट रूप में कहा, कि जब कोई राज्य का मुख्यमंत्री केंद्रीय एजेंसी की जांच में हस्तक्षेप करता है, तो इसे सिर्फ़ केंद्र और राज्य के बीच विवाद के रूप में नहीं देखा जा सकता। कोर्ट ने इसे एक गंभीर लोकतांत्रिक प्रक्रिया का उल्लंघन बताया है। साथ ही मुख्य न्यायाधीश ने कहा, कि एक मुख्यमंत्री होने के नाते उन्हें केंद्रीय एजेंसी की जांच में दखल देने की इजाज़त बिल्कुल नहीं दी जा सकती। अदालत ने इसे लोकतंत्र के लिए ख़तरा बताया।
ममता सरकार की दलील ख़ारिज
सप्रीम कोर्ट ने ममता बनर्जी के रवैये पर गंभीर चिंता जताते हुए और इसे यह पूरी स्थिति देश की लोकतांत्रिक प्रणाली के लिए एक बड़ा ख़तरा बताते हुए सुप्रीम कोर्ट ने ममता सरकार की दलील को ख़ारिज कर दिया है और इसे गंभीर संवैधानिक मुद्दा बताया है।



