- गृह मंत्री ने टीएससी की 15 वर्षों की नाकामियों पर साधा निशाना
- कहा बंगाल चुनाव भय से मुक्ति दिलाने का भी चुनाव
माहौल गर्म है
बंगाल विधानसभा चुनाव जैसे-जैसे नज़दीक आ रहा है, इसका सियासी माहौल गर्म होता जा रहा है। बीजेपी और टीएमसी दोनों पार्टियां एक-दूसरे पर आरोप लगा रही हैं, लेकिन भारतीय जनता पार्टी ने इस बार कमर कस ली है। बीजेपी सोच समझकर अपने उम्मीदवारों की सूची तैयार की है। साथ ही प्रधानमंत्री ने हाल ही में आकर यहां परियोजनाओं का उद्घाटन भी किया और विकास का नया मॉडल पेश किया। बीजेपी लगातार ममता सरकार पर सवाल उठा रही है, जिसमें घुसपैठिये का मुद्दा सबसे बड़ा है। इसके अलावा एसआईआर जैसे मुद्दे भी चर्चा में रहे।
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आर.जी. कर मेडिकल कॉलेज हत्याकांड
दूसरी तरफ़ आर.जी. कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल हत्याकांड का मुद्दा भी इस चुनाव में देखने को मिल रहा है। बता दें, कि पीड़िता की मां रत्ना देबनाथ को बीजेपी ने पानीहाटी विधानसभा क्षेत्र से सीट दी है। टीएमसी के लिए यह चुनाव में चुनौती पैदा कर सकती है।
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अमित शाह पहुंचे कोलकाता
पश्चिम बंगाल में होने जा रहे चुनाव के बीच देश के गृह मंत्री अमित शाह कोलकाता पहुंचे जहां, उन्होंने ममता बनर्जी की सरकार तृणमुल कांग्रेस को घेरते हुए उनकी 15 वर्षों की नाकामियों को चार्जशीट के रूप में जनता के सामने प्रस्तुत किया। इस दौरान अमित शाह ने तृणमुल कांग्रेस पर बढ़ते महिला अपराध, भ्रष्टाचार में लिप्त, घुसपैठ को बढ़ावा, घोटाले करने, सिंडिकेट, सुरक्षा, बेरोजगारी और प्रदेश का विकास ना होना जैसे बेहद गंभीर आरोप लगाए।

तृणमुल कांग्रेस पर गृह मंत्री अमित शाह की 15 आरोपों की चार्जशीट:
1) 7वां वेतन आयोग अभी तब लागू नहीं किया गया।
2) 20 लाख राज्य कर्मचारियों का हक़ छीना लिया गया।
3) 40 लाख से ज़्यादा युवाओं ने मजबूरी में किया पलायन।
4) पश्चिम बंगाल में 5 लाख से अधिक मजदूर अभी भी कर रहे हैं जीवन संघर्ष।
5) चाय श्रमिकों की स्थिति बेहद ख़राब चल रही है।
6) सरकार की कमी की वजह से राज्य में चावल उत्पादन गिरकर गया और अब तीसरे स्थान पर पहुंच गया है।
7) तराई-दुआर के 80% चाय बागान अब बंद पड़े हैं।
8) पश्चिम बंगाल की शिक्षा ख़राब स्तर पर पहुंच गई है और 8,000 से अधिक स्कूल बंद होना इका प्रमाण हैं।
9) 6,688 कंपनियां राज्य छोड़कर चली गईं है, जिससे रोजगार में कमी आई है।
10) अब तक पश्चिम बंगाल में 30 लाख नौकरियां ख़त्म हो चुकी हैं।
11) महिलाओं की सुरक्षा में भी सरकार कमजोर नज़र आती है और यही कारण है, कि पश्चिम बंगाल में महिलाओं के ख़िलाफ़ 34,738 अपराध अबतक दर्ज हो चुके हैं। साथ ही 27.5% एसिड अटैक के मामले सामने आए हैं।
12) भारत-बांग्लादेश सीमा पर 569 किमी तक सुरक्षा के लिए फेंसिंग नहीं है, जिससे अवैध रूप से बांग्लादेशी बंगाल में प्रवेश करते हैं।
13) घुसपैठियों को छूट देकर उनके फ़र्जी आईडी कार्ड बनाए गए।
14) ममता सरकार ने स्वतंत्रता सेनानियों व आदिवासी राष्ट्रपति के साथ अपमानजनक व्यवहार किए हैं।
15) अमित शाह ने कोलकाता महानगर को डैथ ट्रैप बताया और फ़्लाईओवर हादसे और अग्निकांड से शहर को पूरी तरह असुरक्षित बताया।
क्या कहा गृह मंत्री अमित शाह ने?
अमित शाह ने इस चुनाव को सिर्फ़ पश्चिम बंगाल नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए सबसे महत्वपूर्ण बताते हुए कहा, कि घुसपैठियों बढ़ती तादाद के मद्देनज़र यह चुनाव देश की सुरक्षा से भी जुड़ा हुआ है। उन्होंने 15 साल के कार्यकाल पर सवाल उठाते हुए कहा, कि यह बंगाल चुनाव भय से मुक्ति दिलाने का भी चुनाव है। गृह मंत्री ने कहा, कि बंगाल की जनता इस चिंता में हमेंशा रहती है, कि उनकी ज़मीन, संपत्ति और संस्कृति ख़तरे में है और इसलिए अब यहां से घुसपैठियों को हटाने का समय आ गया है।



