- 9.12 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश हुआ
- बजट युवा, किसान, महिला सशक्तिकरण और रोजगार पर केंद्रित
उत्तर प्रदेश आम बजअ 2026 विधानसभा में वित्तमंत्री सुरेश खन्ना द्वारा पेश किया गया। दौरान प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे। इस बार सरकार ने 9.12 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किया, जो पिछले बजट की तुलना में क़रीब 13 प्रतिशत ज़्यादा है, जो इससे पहले क़रीब 8 लाख करोड़ रुपये था। इस बार राजकोषीय घाटे को 3 प्रतिशत तक रखा गया है। इस बार का बजट युवा, किसान, महिला सशक्तिकरण और रोजगार पर केंद्रित रहा। लोकसभा में भी जब वित्तमंत्री निर्मला सितारमण ने आम बजट 2026 पेश किया था, तो यही मुद्दे वहां पर भी दिखाई दिए। इन सारे मुद्दों को विकसित भारत को ध्यान में रख कर बजट में पेश किया गया है।

युवाओं के लिए क्या दिया गया इस बजट में?
इस बजट में युवाओं को 40 लाख टैबलेट बांटने की पेशकश की गई है। मुफ़्त टेबलेट और स्मार्टफ़ोन के लिए क़रीब 23 हज़ार करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं। इसके आलावा सरकार 10 लाख युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। बजट में मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना की भी चर्चा की गई, जिसमें युवाओं को मुफ़्त कोचिंग देने का प्रावधान है।

किसानों का रखा गया है ख़ास ख़्याल
इस बार बजट में किसानों को अंतर्राष्ट्रीय बाज़ार से जोड़ने पर ध्यान दिया गया है। इसके लिए वर्ल्ड बैंक की मदद से यूपी एग्रीज परियोजना को मजबूत कर एग्री एक्सपोर्ट हब स्थापित किए जाएंगे। इससे किसानों की आय में बढ़ोतरी तो होगी ही, बल्कि किसान विश्व बाज़ार से जुड़ पाएंगे। गन्ना किसानों के लिए भी यह बजट ख़ास है। गन्ना मुल्यों में 30 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है। इससे गन्ना किसानों को अब ज्यादा मुनाफ़ा कमाने का मौक़ा मिलेगा। इसके अलावा सिंचाई योजना के तहत 18 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए जाएंगे।

शिक्षा को बढ़ावा देने वाला बजट
शिक्षा को बेहतर करने के लिए भी सरकार ने अपने बजट में बड़े ऐलान किए हैं। सरकार ने एमबीबीएस सीट को बढ़ाकर 12,800 कर दिया है, जो पहले 4,540 थी, वहीं पीजी सीट को 1,221 से बढ़ाकर 4,995 सीट कर दिया है। साथ ही 14 नए मेडिकल कॉलेज की स्थापना की जाएगी, जिसके संचालन के लिए 1 हज़ार करोड़ रुपये से ज़्यादा का प्रावधान रखा गया है। स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण को योजना को बेहतर कर युवाओं को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।

महिलाओं को सशक्त बनाने का लक्ष्य
महिलाओं की सुरक्षा का ख़ासा ध्यान रखते हुए सरकार ने कहा है, कि ‘मुख्यमंत्री सुरक्षा योजना’ को और दुरुस्त करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए महिला उद्यमी विपणन योजना के तहत स्वयं सहायता समूह महिला उद्यमी द्वारा बनाए गए उत्पादों की बिक्री सुनिश्चित की जाएगी। महिलाओं के लिए नए प्रशिक्षण केंद्र बनाए जाएंगे, ताक़ि उनका कौशल विकास हो सके। इसके आवा सरकार ने लड़कियों के विवाह के लिए 1 लाख रुपये दिए जाएंगे। साथ ही छात्राओं के लिए स्कूटी वितरण के लिए 400 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं।

बजट में और क्या-क्या?
यूपी बजट 2026 में उत्तर प्रदेश को आईटी हब बनाने की बात की गई है। बदलते युग में एआई को बढ़ावा देने के ‘एआई मिशन’ पर काम किया जाएगा। इसके अलावा वस्त्र यद्योग में 30 हज़ार तक रोजगार उत्पन्न होने की संभावना जताई गई है। प्रदेश को गार्मेंटिंग हब बनाने के लिए पीएम मित्रा पार्क योजना के तहत विश्वस्तरीय मेगा टेक्सटाइल पार्क की स्थापना की जाएगी। साथ ही सड़क व सेतु निर्माण और चौड़ीकरण के लिए 34 हज़ार करोड़ रुपये ख़र्च किए जाएंगे। नमामि गंगे परियोजना और ग्रामीण क्षेत्रों में जल की व्यवस्था के लिए 22 हज़ार करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं। बजट में पुलिस और शिक्षक भर्ति में बढ़ोतरी की बात कही गई है।
रोजग़ार पर ध्यान दे सरकार
अगले साल उत्तर प्रदेश में विधानसभर चुनाव होने वाले हैं। इसको भी ध्यान में रखकर बजट को तैयार किया गया है। देखना होगा, कि ये घोषणाएं धरातल पर कितना उतर पाएंगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सराकर में यूपी ने सुरक्षा से लेकर निर्माण तक कई बदलाव देखे हैं। आगे भी यही उम्मीद की जानी चाहिए। रोजगार का मुद्दा भी देश में लगातार चल रहा है। सरकार को इसे कागज़ से उतारकर प्रत्यक्ष करना होगा, क्योंकि आज के युवाओं की मांग रोजगार रही है। कितनी भर्तियों के परिक्षा परिणाम वर्षों तक लटके रहते हैं। कितनी परिक्षाओं के प्रश्न पत्र लीक हो जा रहे हैं। सरकार को युवाओं का अगर दिल जीतना है, तो कुछ ख़ामियों को ख़त्म करना ही होगा।



