दुबई से तेल अवीव जा रही फ़्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में 30 सितंबर को कॉकपिट के अंदर जो हुआ और भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार ने जिस बहादुरी का परिचय दिया उसकी सराहना आज पूरी दुनिया में हो रही है। सह पायलट ने जिस तरह से कैप्टन को चाकू से हमला कर लहुलुहान किया, उसके बावजूद 174 लोगों की जान बचाने और बड़ी घटना की आशंंका को ख़त्म करने में जिस तरह भूमिका अदा की वो वाकई में काबिले तारीफ़ है।
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कैप्टन स्मित मच्छार का प्रोफ़ेशनल प्रोफ़ाइल
भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार मुंबई के रहने वाले हैं और जून 2022 से फ़्लाईदुबई के बोइंग-737 समूह में कैप्टन के तौर पर कार्यरत हैं। स्मित मच्छार के अनुभव की बात करें, तो कैप्टन ने फ़्लाईदुबई से पहले क़रीब 11 साल तक स्पाइसजेट में काम किया। पहले सीनियर कमांडर के तौर पर और उसके बाद लाइन ट्रेनिंग कैप्टन के तौर पर उन्होंने काम किया। उनके प्रोफ़ेशनल प्रोफ़ाइल की बात करें, तो उनके पास बोइंग-737 विमानों पर क़रीब 9,750 घंटे का उड़ान अनुभव है और स्पाइसजेट में पायलट-इन-कमांड के तौर पर 6,400 से अधिक घंटे का अनुभव है।

स्मित मच्छार ने खोल दिया था कॉकपिट का दरवाज़ा
बता दें, कि हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित मच्छार ने कॉकपिट का दरवाज़ा खोल दिया था और उसके बाद यात्रियों और क्रू ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में कामयाबी पाई। विमान में बैठे दूसरे पायलटों ने विमान का नियंत्रण संभालने में मदद की। इसके बाद विमान की सऊदी अरब के तबूक एयरपोर्ट इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। विमान में 174 लोग सवार थे, जिन्हें सुरक्षित बचा लिया गया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फोन पर स्मित मच्छार से की बात
घटना के बाद कैप्टन स्मित मच्छार का सऊदी अरब के तबूक में इलाज कराया गया। इलाज के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्मित मच्छार और उनके मात-पिता से फोन पर बात की। हमले के कारणों का पता लगाने के लिए जांच के आदेश दिए जा चुके हैं। इसे आतंकी घटना के तौर पर भी देखा जा रहा है, क्योंकि कुछ दशक पहले इसी तरह प्लेन को हाइजैक कर अमेरिका के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हमला किया गया था, जिसे 9/11 के नाम से भी जाना जाता है। खैर यह जांच का विषय है, उसके बाद ही कुछ खुलासा हो पाएगा।
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पूरी दुनिया से मिल रही है तारीफ़
इस बेहद गंभीर घटना के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के अलावा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कैप्टन स्मित मच्छार के साहस की सराहना की। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित ने साहस और दूसरों की जान बचाने का दृढ़ संकल्प दिखाया। साथ ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने भी कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी और सूझबूझ की सराहना करते हुए कहा, कि खतरे के बावजूद कैप्टन स्मित दूसरों की जान बचाने के लिए डटे रहे और उनकी त्वरित कार्रवाई से बड़ी त्रासदी को टालने में मदद मिली।






